मास्को में बनेगा यूरोप का सबसे बड़ा चर्खी झूला

3 मार्च 2017 कीरा कलीनिना
​इस परियोजना के निवेशकों को आशा है कि यह चर्खी झूला लन्दन के ‘लंडन आई' नामक हिण्डोले से भी ऊँचा होगा। यह झूला मास्को के पाँच सबसे लोकप्रिय दर्शनीय स्थानों में से किसी एक जगह पर बनाया जाएगा।
observation wheel
जल्दी ही मास्को में 140 मीटर ऊँचा झूला दिखाई देने लगेगा। स्रोत :Regions Group

मस्क्वा (मास्को) स्थित राष्ट्रीय प्रगति प्रदर्शनी ‘वेदेनख़ा’ में आकाश को छूने वाला एक नया चर्खी झूला  बनाया जाएगा, जिसपर हर साल कम से कम 15 लाख लोग झूला झूला करेंगे। ‘रिगीओनी’ नामक कम्पनी समूह के प्रबन्ध निदेशक अमिरान मुत्सोएफ़ ने रूस के सोची नगर में आयोजित आर्थिक सम्मेलन में रूस-भारत संवाद को यह जानकारी दी। ‘रिगीओनी’ इस परियोजना में अकेली निवेशक कम्पनी है। 140 मीटर ऊँचा यह चर्खी झूला यूरोप का सबसे ऊँचा झूला होगा। अभी तक लन्दन में बने 135 मीटर ऊँचे ‘लंडन आई' को  यूरोप का सबसे ऊँचा झूला माना जाता है।

अमिरान मुत्सोएफ़ के अनुसार, मास्को के इस आकाश झूले को ‘चैपमैन टेलर’ वास्तु कम्पनी और मनोरंजन पार्कों के लिए उपकरण बनाने वाली  स्विस मशीन निर्माण कम्पनी ‘इन्तामीन एजी’ मिलकर बनाएँगी। अनुमान है कि इस परियोजना में होने वाले सभी खर्च आठ साल में वापिस मिल जाएँगे।

बड़ी योजनाएँ

मुत्सोएफ़ का अनुमान है कि आने वाले सालों में यह चर्खी झूला मास्को के पाँच सबसे लोकप्रिय मनोरंजन स्थलों में से एक बन जाएगा। उनका कहना है कि इस झूले में झूलने के लिए हर साल देश-विदेश से 15 लाख पर्यटकों मस्क्वा आया करेंगे।

खेल व पर्यटन विभाग द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार 2016 में लगभग साढ़े 17 लाख पर्यटकों ने मस्क्वा की यात्रा की जिनमें से साढ़े 4 लाख पर्यटक विदेशी थे। चर्खी झूला बनने के बाद मस्क्वा आने वाले पर्यटकों की संख्या में 9 प्रतिशत की वृद्धि होगी।

मास्को के इस आकाश झूले में 30 बन्द केबिन होंगे।  हर केबिन में 20 व्यक्ति बैठ सकेंगे। एक चक्कर लगाने में झूले को 25 मिनट लगेंगे।

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